मुख्य तथ्य
- स्थापना वर्ष
- 1926
- वर्तमान राजस्व
- ₹641 करोड़
- राजस्व लक्ष्य (5 वर्ष)
- ₹1,000 करोड़
- निर्यात देश
- 45+
- तमिलनाडु में स्टोर
- 80+
- तमिलनाडु में बाजार हिस्सेदारी
- ~40% (रोस्ट-एंड-ग्राउंड कॉफी)
पृष्ठभूमि
श्री नारसू कॉफी की स्थापना 1926 में वी. लक्ष्मी नरसिम्हन (नारसू) ने की थी। कंपनी का उद्देश्य उपभोक्ताओं को रोजाना भरोसेमंद गुणवत्ता वाली कॉफी उपलब्ध कराना था। 1966 में यह कंपनी आर.पी. सारथी और परिवार के सदस्यों की साझेदारी में बदली गई।
वर्तमान प्रबंध निदेशक स्रुधीप के अनुसार, परिवार की तीन पीढ़ियों ने ब्रांड की विरासत को संभाला है। उनके दादा ने व्यवसाय को पुनर्जीवित किया, पिता पी. शिवनंदम ने विनिर्माण और वितरण नेटवर्क का विस्तार किया, और अब स्रुधीप ब्रांड को नई पीढ़ी के उपभोक्ताओं से जोड़ रहे हैं।
कंपनी का मानना है कि विरासत सिर्फ वर्षों की संख्या नहीं, बल्कि हर पीढ़ी को व्यवसाय को मजबूत बनाने की प्रतिबद्धता है।
वर्तमान स्थिति
कंपनी का वर्तमान कारोबार 641 करोड़ रुपये है, जिसमें निर्यात का योगदान लगभग 50% है। श्री नारसू कॉफी 45 से अधिक देशों में निर्यात करती है, जिनमें अमेरिका, यूएई, मलेशिया और कनाडा शामिल हैं।
तमिलनाडु में कंपनी के 80 से अधिक स्टोर हैं और वहां लगभग 9 मिलियन से अधिक वफादार उपभोक्ता हैं। कंपनी का रोस्ट-एंड-ग्राउंड कॉफी बाजार में तमिलनाडु में लगभग 40% हिस्सा है।
कंपनी 18,000 से अधिक पिन कोड में अपनी पहुंच बना चुकी है और आधुनिक खुदरा, ई-कॉमर्स और क्विक कॉमर्स चैनलों के माध्यम से विस्तार कर रही है। फिल्टर कॉफी रेंज में 10 उत्पाद और इंस्टेंट कॉफी रेंज में 4 उत्पाद शामिल हैं।
| विवरण | मूल्य |
|---|---|
| वर्तमान राजस्व | ₹641 करोड़ |
| निर्यात योगदान | लगभग 50% |
| तमिलनाडु में उपभोक्ता | 9 मिलियन+ |
| तमिलनाडु में स्टोर | 80+ |
| पिन कोड कवरेज | 18,000+ |
| जनरल ट्रेड हिस्सेदारी (वर्तमान) | 10-15% |
| जनरल ट्रेड हिस्सेदारी (लक्ष्य) | 30-35% |
| फिल्टर कॉफी उत्पाद | 10 |
| इंस्टेंट कॉफी उत्पाद | 4 |
| प्रीमियम और इंस्टेंट पोर्टफोलियो लक्ष्य | ₹450-500 करोड़ |
| निर्यात लक्ष्य (5 वर्ष) | ₹320 करोड़ |
| वार्षिक वृद्धि दर | 23% |
प्रभाव
कंपनी की विस्तार योजना से तमिलनाडु के बाहर कर्नाटक, आंध्र प्रदेश और तेलंगाना में नए स्टोर खुलेंगे। अगले 2-3 वर्षों में 20 से अधिक नए स्टोर जोड़ने की योजना है, जिससे इन क्षेत्रों में खुदरा उपस्थिति बढ़ेगी।
कंपनी का लक्ष्य जनरल ट्रेड में अपनी बाजार हिस्सेदारी को मौजूदा 10-15% से बढ़ाकर 30-35% करना है। इससे वितरण नेटवर्क और स्थानीय साझेदारों को नए अवसर मिलेंगे।
प्रीमियम और इंस्टेंट कॉफी पोर्टफोलियो से अगले पांच वर्षों में 450 से 500 करोड़ रुपये के राजस्व की उम्मीद है, जो उपभोक्ता प्राथमिकताओं में बदलाव को दर्शाता है।
भविष्य की संभावनाएं
विश्लेषणात्मक परिदृश्य: नीचे दी गई संभावनाएं निश्चित भविष्यवाणी नहीं हैं।
कंपनी अगले पांच वर्षों में 1,000 करोड़ रुपये के राजस्व का लक्ष्य लेकर चल रही है। यदि यह लक्ष्य हासिल होता है, तो यह वर्तमान कारोबार से लगभग 56% की वृद्धि होगी।
निर्यात से अगले पांच वर्षों में 15-18% की वार्षिक वृद्धि के साथ 320 करोड़ रुपये तक पहुंचने की संभावना है। हालांकि, यह वैश्विक बाजार की स्थितियों पर निर्भर करेगा।
कंपनी मुंबई, दिल्ली और कोलकाता जैसे बाजारों में विस्तार की संभावना तलाश रही है। यदि इन शहरों में दक्षिण भारतीय प्रवासी समुदाय की मजबूत उपस्थिति और फिल्टर कॉफी के प्रति रुचि बनी रहती है, तो ये क्षेत्र विकास के प्रमुख केंद्र बन सकते हैं।
स्रोत: franchiseindia.com
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राजस्व: वर्तमान और लक्ष्य
लक्ष्य राजस्व1,000 ₹ करोड़
सटीक आंकड़े देखें
| श्रेणी | राजस्व |
|---|---|
| वर्तमान राजस्व | 641 ₹ करोड़ |
| लक्ष्य राजस्व | 1,000 ₹ करोड़ |
स्रोत:स्रोत: फ्रैंचाइज़ इंडिया साक्षात्कार स्रोत-समर्थित
श्री नारसू कॉफी की प्रमुख उपलब्धियां
- 01
स्थापना
वी. लक्ष्मी नरसिम्हन द्वारा स्थापित।
- 02
स्वामित्व परिवर्तन
आर.पी. सारथी और परिवार द्वारा अधिग्रहण।
- 03
शताब्दी वर्ष
कंपनी 100 वर्ष पूरे कर रही है।
स्रोत:स्रोत: फ्रैंचाइज़ इंडिया साक्षात्कार स्रोत-समर्थित



