नई दिल्ली: जेएमके रिसर्च एंड एनालिटिक्स की रिपोर्ट के अनुसार, जुलाई 2026 में भारत में इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) का कुल पंजीकरण 3,07,752 इकाई रहा, जो जुलाई 2025 की तुलना में 63.18% अधिक है। जून 2026 में यह आंकड़ा 3,05,566 इकाई था, जिसमें मासिक आधार पर 0.72% की वृद्धि दर्ज की गई।
रिपोर्ट के अनुसार, इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों का बाजार में 61.37% हिस्सा रहा, जबकि इलेक्ट्रिक यात्री तिपहिया वाहनों की हिस्सेदारी 23.72% रही। इलेक्ट्रिक कारों का योगदान 10.01% और इलेक्ट्रिक कार्गो तिपहिया वाहनों का 3.75% रहा।
इलेक्ट्रिक कारों की बिक्री जुलाई में 30,806 इकाई रही, जो सालाना आधार पर 81% अधिक है, हालांकि पिछले महीने की तुलना में 2% कम है। यात्री वाहन क्षेत्र में ईवी की पैठ बढ़कर 7.92% हो गई है। रिपोर्ट में कहा गया है कि इलेक्ट्रिक कारों की बिक्री में वृद्धि मुख्य रूप से मॉडलों की व्यापक उपलब्धता, चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर के विस्तार और उपभोक्ताओं के बढ़ते भरोसे के कारण हो रही है।
इलेक्ट्रिक तिपहिया वाहनों की बिक्री मासिक आधार पर 9% और सालाना आधार पर 22% बढ़कर 84,554 इकाई हो गई। तिपहिया क्षेत्र में ईवी की पैठ जुलाई में 65.55% रही। राज्यों में उत्तर प्रदेश सबसे आगे रहा, जहां 47,062 ईवी पंजीकृत हुए, उसके बाद महाराष्ट्र (36,642) और कर्नाटक (29,183) का स्थान रहा। शीर्ष 10 राज्यों में देश के कुल ईवी पंजीकरण का लगभग 77% हिस्सा रहा।
स्रोत: timesofoman.com



