मुख्य तथ्य
- लेखक
- डेविड एलिसन
- प्रकाशन
- न्यूयॉर्क टाइम्स
- तारीख
- मंगलवार
- विलय
- पैरामाउंट-वार्नर ब्रदर्स
- वादा
- समाचार तथ्यों और सच्चाई पर आधारित होगा
पृष्ठभूमि
पैरामाउंट के सीईओ डेविड एलिसन ने अपने पैरामाउंट-वार्नर ब्रदर्स विलय को मंजूरी दिलाने के प्रयास में मंगलवार को न्यूयॉर्क टाइम्स में एक लेख लिखा। इस लेख का उद्देश्य वामपंथी विचारधारा वाले पाठकों को आश्वस्त करना था कि CNN (जो वार्नर ब्रदर्स का हिस्सा है) के प्रति उनके इरादे सही हैं।
एलिसन ने अपने लेख में कहा कि विलय का विरोध वार्नर ब्रदर्स के फिल्म और टेलीविजन प्रभागों से नहीं जुड़ा है, बल्कि असली चिंता समाचार विभाग को लेकर है। उन्होंने लिखा, 'चिंता ब्रीफ्स और प्रेस विज्ञप्तियों के नीचे छिपी है: समाचार। मुद्दा यह है कि क्या मुझ पर CNN के संरक्षक के रूप में भरोसा किया जा सकता है।'
वर्तमान स्थिति
एलिसन ने अपने लेख में स्वीकार किया कि वह नियमित रूप से दोनों पार्टियों के उम्मीदवारों को वोट देते रहे हैं और उनके कुछ विचार रूढ़िवादी तथा कुछ उदारवादी हैं। उन्होंने वादा किया कि वह अपने समाचार संगठनों को अपने विचारों के अनुरूप झुकाने की इच्छा नहीं रखते और कहा, 'मेरा मानना है कि समाचार तथ्यों और सच्चाई पर आधारित होना चाहिए।'
उन्होंने आगे कहा कि CNN और CBS न्यूज़ जैसे महान समाचार संगठनों का काम सीधा और निष्पक्ष रिपोर्टिंग करना है। उन्होंने कहा कि इसके लिए न्यूज़रूम को पूरी दुनिया को प्रतिबिंबित करना चाहिए, न कि केवल एक पक्ष को, और पत्रकारों को तथ्यों और उन सभी लोगों के प्रति उत्तरदायी होना चाहिए जिनकी वे सेवा करते हैं।
प्रभाव
इस बयान से CNN के कर्मचारियों, डेमोक्रेटिक पार्टी और उन दर्शकों में विरोध बढ़ने की संभावना है जो CNN के प्रचार पर निर्भर हैं। विश्लेषकों का मानना है कि एलिसन का यह रुख विलय के विरोध को और मजबूत कर सकता है।
एलिसन के इस वादे का सीधा असर CNN की संपादकीय नीति पर पड़ सकता है। अगर CNN तथ्यों और सच्चाई पर आधारित रिपोर्टिंग करना शुरू करता है, तो यह उसके मौजूदा दर्शक वर्ग को नाराज कर सकता है और उसकी रेटिंग को प्रभावित कर सकता है।
भविष्य की संभावनाएं
विश्लेषणात्मक परिदृश्य: नीचे दी गई संभावनाएं निश्चित भविष्यवाणी नहीं हैं।
यदि एलिसन अपने वादे पर कायम रहते हैं और CNN को तथ्य-आधारित समाचार देने के लिए प्रोत्साहित करते हैं, तो यह मीडिया जगत में एक बड़ा बदलाव हो सकता है। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि CNN के भीतर इस बदलाव को कितना समर्थन मिलेगा।
विशेषज्ञों का कहना है कि अगर CNN अपनी मौजूदा नीति में बदलाव नहीं करता है, तो एलिसन का यह बयान केवल एक राजनीतिक दांव हो सकता है। संभावना है कि विलय की मंजूरी के बाद एलिसन अपने इस रुख से पीछे हट सकते हैं, लेकिन फिलहाल इस पर कोई ठोस जानकारी नहीं है।
स्रोत: breitbart.com



