मुख्य तथ्य
- तीसरा आरोपी
- चार्ल्स यूज़नर
- आरोप
- क़ानूनी यौन उत्पीड़न और बच्चे का यौन शोषण
- पीड़ितों की संख्या
- कम से कम 21 नाबालिग
- जांच शुरू
- 5 दिसंबर 2025
- मेयर्स पर आरोप
- 67 आरोप
पृष्ठभूमि
पीटर्स टाउनशिप हाई स्कूल से जुड़े एक बड़े सेक्सटॉर्शन मामले की जांच में अब तीसरे व्यक्ति के खिलाफ आरोप तय किए गए हैं। यह मामला पूर्व छात्र संघ अध्यक्ष ज़ाचरिया मेयर्स के इर्द-गिर्द घूमता है, जिस पर कई नाबालिगों को अश्लील वीडियो या तस्वीरें भेजने के लिए मजबूर करने का आरोप है।
जांच की शुरुआत 5 दिसंबर 2025 को हुई थी, जब अधिकारियों को 'कैटफिशिंग और सेक्सटॉर्शन' से जुड़े एक बड़े आपराधिक नेटवर्क की सूचना मिली थी। अब तक 30 नाबालिगों से पूछताछ की जा चुकी है, जिनमें से कम से कम 21 को पीड़ित के रूप में पहचाना गया है।
वर्तमान स्थिति
वाशिंगटन काउंटी के जिला अटॉर्नी जेसन वॉल्श ने बताया कि मिले सबूतों के आधार पर अतिरिक्त व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। चार्ल्स यूज़नर पर क़ानूनी यौन उत्पीड़न और बच्चे के यौन शोषण के आरोप लगाए गए हैं।
आपराधिक शिकायत के अनुसार, पीड़ित ने अधिकारियों को बताया कि मेयर्स के निर्देश पर उसके वयस्क पुरुषों के साथ दो यौन संबंध बने। इनमें से एक यूज़नर था, जिसने कथित तौर पर पीटर्स लेक पार्क में पीड़ित के साथ यौन उत्पीड़न किया और उसका वीडियो रिकॉर्ड किया। यह वीडियो पीड़ित को मेयर्स को भेजना पड़ा।
यूज़नर से पहले आरोन फोस्टर व्हाइट पर भी आरोप लगाए गए थे, जिन पर योजना में शामिल एक किशोर के साथ अश्लील तस्वीरों के आदान-प्रदान का आरोप है।
| नाम | आरोप |
|---|---|
| ज़ाचरिया मेयर्स | सेक्सटॉर्शन, बाल यौन शोषण (67 आरोप) |
| आरोन फोस्टर व्हाइट | नाबालिग के साथ अश्लील तस्वीरों का आदान-प्रदान |
| चार्ल्स यूज़नर | क़ानूनी यौन उत्पीड़न, बच्चे का यौन शोषण |
प्रभाव
इस मामले में कम से कम 21 नाबालिगों को पीड़ित बताया गया है, जिन पर मेयर्स ने सोशल मीडिया ऐप्स जैसे टिकटॉक और टेलीग्राम के जरिए संपर्क किया और उन्हें अपनी अश्लील तस्वीरें या वीडियो भेजने के लिए मजबूर किया।
मेयर्स पर शुरू में 300 से अधिक आरोप लगाए गए थे, जिन्हें बाद में घटाकर 67 कर दिया गया। जिला अटॉर्नी के अनुसार, आरोप हटाए नहीं गए, बल्कि 'डुप्लिकेशन से बचने, सजा के उद्देश्यों और अभियोग की इकाइयों के साथ संरेखित करने' के लिए संशोधित किए गए।
भविष्य की संभावनाएं
विश्लेषणात्मक परिदृश्य: नीचे दी गई संभावनाएं निश्चित भविष्यवाणी नहीं हैं।
जांच अभी जारी है, और अधिकारियों ने संकेत दिया है कि और भी आरोपी सामने आ सकते हैं। यदि सबूतों के आधार पर और लोगों की संलिप्तता पाई जाती है, तो उनके खिलाफ भी आरोप तय किए जा सकते हैं।
मेयर्स के मामले में 67 आरोपों पर सुनवाई जारी है। यदि अदालत में दोष सिद्ध होता है, तो उसे लंबी कैद हो सकती है। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि आरोपों में संशोधन से सजा पर क्या असर पड़ेगा।
पीड़ितों के लिए परामर्श और सहायता की व्यवस्था की जा सकती है, लेकिन इस बारे में अभी कोई आधिकारिक जानकारी नहीं है।
स्रोत: wtae.com



